
वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज रिपोर्टर सुशील द्विवेदी 8225072664 *उज्जैन जिले के खाचरौद नगर में अंतरजातीय प्रेम विवाह का एक मामला चर्चा में है। नरसिंह मंदिर क्षेत्र की रहने वाली कोमल प्रजापत ने परिवार की इच्छा के खिलाफ अंतरजातीय प्रेम विवाह किया, जिसके बाद परिवार और बेटी के बीच विवाद गहरा गया।
परिजनों के मुताबिक उन्होंने कोमल को शादी के फैसले पर दोबारा विचार करने के लिए काफी समझाने की कोशिश की, लेकिन वह अपने फैसले पर कायम रही। मामला पुलिस थाने तक पहुंचने के बाद परिवार का दावा है कि कोमल ने अपने माता-पिता और भाइयों को पहचानने से इनकार कर दिया।
इसके बाद परिजनों ने कोमल से सभी रिश्ते खत्म करने का ऐलान किया। परिवार ने घर के आंगन में कोमल की तस्वीर रखकर ‘गोरनी’ की रस्म निभाई और तस्वीर का प्रतीकात्मक दाह संस्कार किया। इस दौरान परिवार और रिश्तेदारों की मौजूदगी में अंतिम संस्कार जैसी अन्य रस्में भी निभाई गईं।
परिजनों का कहना है कि अब कोमल उनके लिए “जीवित होकर भी मृत” है। हालांकि, किसी जीवित व्यक्ति का इस तरह प्रतीकात्मक अंतिम संस्कार करना पारिवारिक स्तर की रस्म है और इसका अपने आप में कोई कानूनी प्रभाव नहीं होता। खाचरौद की इस घटना ने अंतरजातीय विवाह, पारिवारिक परंपराओं और युवाओं के अपने जीवनसाथी चुनने के अधिकार को लेकर नई चर्चा छेड़ दी है।






